उत्तर भारत में मौसम का बड़ा बदलाव: 2 पश्चिमी विक्षोभों की दस्तक, जानें 20-22 जनवरी का सटीक पूर्वानुमान
भारत का मौसम एक बार फिर करवट ले रहा है। कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बीच अब बारिश का नया दौर शुरू होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत में एक के बाद एक दो पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbances) सक्रिय होने जा रहे हैं। इसका सीधा असर 20, 21 और 22 जनवरी को देखने को मिलेगा, जब कई राज्यों में तेज बारिश और पहाड़ों पर भारी बर्फबारी की संभावना है।
1. पश्चिमी विक्षोभ क्या है और यह क्यों आ रहा है?
पश्चिमी विक्षोभ भारतीय उपमहाद्वीप के सर्दियों के मौसम को प्रभावित करने वाली सबसे महत्वपूर्ण मौसमी घटना है। यह भूमध्यसागरीय क्षेत्र से उत्पन्न होने वाला एक कम दबाव का क्षेत्र है, जो ईरान, अफगानिस्तान और पाकिस्तान को पार करते हुए भारत के उत्तरी हिस्सों में पहुंचता है।
जब यह आर्द्र हवाएं हिमालय से टकराती हैं, तो पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश होती है। इस बार दो विक्षोभ बैक-टू-बैक आ रहे हैं, जिससे इनका प्रभाव काफी व्यापक रहने की उम्मीद है।
2. तारीख के अनुसार मौसम का हाल (20 से 22 जनवरी)
20 जनवरी: बदलाव की शुरुआत
इस दिन पहले पश्चिमी विक्षोभ का असर दिखना शुरू होगा। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश के ऊपरी इलाकों में हल्की बर्फबारी शुरू हो जाएगी। राजस्थान और पंजाब के सीमावर्ती इलाकों में बादल छाने लगेंगे और देर रात तक कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी हो सकती है।
21 जनवरी: बारिश का चरम (Peak)
यह दिन सबसे ज्यादा सक्रिय रहेगा। दूसरे और अधिक शक्तिशाली विक्षोभ के प्रवेश से मैदानी इलाकों में हलचल बढ़ेगी।
मैदानी इलाके: दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मध्यम से तेज बारिश के आसार हैं।
पहाड़ी इलाके: उत्तराखंड और हिमाचल में भारी बर्फबारी की चेतावनी जारी की गई है, जिससे यातायात बाधित हो सकता है।
22 जनवरी: बारिश का विस्तार
बारिश का सिलसिला मध्य भारत की ओर बढ़ेगा। पूर्वी उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों और बिहार के सीमावर्ती इलाकों में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। दिल्ली और आसपास के इलाकों में बादल छाए रहेंगे और रुक-रुक कर बारिश होगी।
3. किन राज्यों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर?
राज्य संभावित प्रभाव
जम्मू-कश्मीर & लद्दाख भारी बर्फबारी और एवलांच की चेतावनी।
हिमाचल & उत्तराखंड चंबा, कुल्लू, शिमला और केदारनाथ में भारी बर्फबारी।
पंजाब & हरियाणा अधिकांश जिलों में तेज बारिश और कहीं-कहीं ओलावृष्टि।
राजस्थान श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और बीकानेर में गरज के साथ बौछारें।
दिल्ली-NCR हल्की से मध्यम बारिश, जिससे प्रदूषण से राहत मिलेगी।
उत्तर प्रदेश पश्चिमी यूपी में तेज बारिश, पूर्वी यूपी में बादल और बूंदाबांदी।
4. खेती और आम जनजीवन पर प्रभाव
यह बारिश किसानों के लिए "मिले-जुले" परिणाम लेकर आएगी:
फायदा: गेहूं की फसल के लिए यह प्राकृतिक सिंचाई का काम करेगी, जिससे दाना मजबूत होगा।
नुकसान: यदि बारिश के साथ तेज हवाएं या ओले गिरते हैं, तो सरसों और आलू की फसल को नुकसान पहुंच सकता है।