Bhopal CBI Raid: रेलवे के पूर्व कर्मचारी ने मांगी 3 लाख की घूस, CBI ने बिछाया जाल और रंगे हाथों दबोचा!
Bhopal Railway Bribe Case: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में भ्रष्टाचार के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। रविवार को सीबीआई की टीम ने रेलवे के एक पूर्व कर्मचारी को 3 लाख रुपये की मोटी रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। आरोपी ने एक अन्य कर्मचारी के सेवानिवृत्ति लाभ (Retirement Benefits) और पेंशन संबंधी फाइलों को आगे बढ़ाने के बदले यह रकम मांगी थी।
कैसे बिछाया गया CBI का जाल?
जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता ने सीबीआई को सूचित किया था कि रेलवे का यह पूर्व कर्मचारी (जो संभवतः बिचौलिए या सलाहकार के रूप में सक्रिय था) उसके रुके हुए एरियर और पेंशन के निपटारे के लिए लंबे समय से दबाव बना रहा था। आरोपी ने काम के बदले कुल राशि का एक बड़ा हिस्सा बतौर कमीशन मांगा था।
शिकायत की पुष्टि होने के बाद, सीबीआई की टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही आरोपी ने भोपाल के एक निर्धारित स्थान पर 3 लाख रुपये की पहली किस्त स्वीकार की, पहले से घात लगाकर बैठी सीबीआई टीम ने उसे दबोच लिया। आरोपी के हाथ धुलवाते ही वे गुलाबी हो गए, जो रिश्वत लेने का पुख्ता वैज्ञानिक प्रमाण है।
घर और ठिकानों पर छापेमारी
गिरफ्तारी के तुरंत बाद, सीबीआई की विभिन्न टीमों ने आरोपी के भोपाल स्थित आवास और अन्य संभावित ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी है। जांच अधिकारियों को संदेह है कि इस भ्रष्टाचार के खेल में रेलवे विभाग के कुछ मौजूदा अधिकारी और कर्मचारी भी शामिल हो सकते हैं। छापेमारी के दौरान कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज और बेनामी संपत्तियों के सुराग मिलने की भी खबर है।
रेलवे में सक्रिय 'बिचौलिए' गिरोह का पर्दाफाश?
सूत्रों का कहना है कि यह गिरफ्तारी केवल एक मोहरा हो सकती है। रेलवे के 'सेटलमेंट सेक्शन' में अक्सर ऐसे पूर्व कर्मचारी सक्रिय रहते हैं जो अपनी पुरानी जान-पहचान का फायदा उठाकर वर्तमान कर्मचारियों के साथ मिलकर भ्रष्टाचार का सिंडिकेट चलाते हैं। सीबीआई अब इस बात की जांच कर रही है कि आरोपी ने पिछले कुछ महीनों में और कितने लोगों से इस तरह की वसूली की है।
अधिकारियों का बयान
सीबीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया:
"भ्रष्टाचार के खिलाफ हमारी नीति 'जीरो टॉलरेंस' की है। आरोपी को विशेष सीबीआई अदालत में पेश किया जाएगा और हम उसकी रिमांड की मांग करेंगे ताकि इस रैकेट में शामिल अन्य सफेदपोशों के चेहरों से नकाब हटाया जा सके।"
सावधान: भ्रष्टाचार की शिकायत कहाँ करें?
यदि आपसे कोई सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगता है, तो आप इन माध्यमों से संपर्क कर सकते हैं:
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CBI एंटी-करप्शन लाइन: 011-24361273
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लोकायुक्त मध्य प्रदेश: 0755-2323232 (भोपाल)
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ऑनलाइन पोर्टल: संबंधित विभाग की सतर्कता (Vigilance) वेबसाइट।
