लाड़ली बहना योजना: 1500 रुपये की सौगात!

LADLI BEHNA YOJANA: 30वीं किस्त अब 1250 की जगह 1500 रुपये, सीएम मोहन यादव कल करेंगे ट्रांसफर.

 
Ladli
LADLI BEHNA 30 KIST: मध्य प्रदेश की 1.26 करोड़ लाड़ली बहनों के लिए यह महीना एक बड़ी सौगात लेकर आया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना की मासिक आर्थिक सहायता राशि को बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है। अब पात्र महिलाओं को ₹1250 के स्थान पर ₹1500 प्रति माह मिलेंगे। इस बढ़ी हुई राशि की 30वीं किस्त 12 नवंबर, 2025 को सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी।
​कैबिनेट का ऐतिहासिक फैसला
​सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में इस महत्वपूर्ण फैसले पर मुहर लगाई गई। इस निर्णय के तहत, योजना की मौजूदा राशि ₹1250 में ₹250 की अतिरिक्त बढ़ोतरी की गई है, जिससे यह राशि बढ़कर ₹1500 हो गई है। यह बढ़ोतरी नवंबर 2025 की किस्त से लागू होगी।
​बढ़ी हुई राशि: ₹1250 से ₹1500 (₹250 की वृद्धि)
​लागू माह: नवंबर 2025 से
​कुल लाभार्थी: लगभग 1 करोड़ 26 लाख
​कैबिनेट मंत्री चैतन्य कश्यप ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री ने बहनों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने के लिए यह फैसला लिया है। उन्होंने यह भी दोहराया कि सरकार का लक्ष्य है कि यह राशि धीरे-धीरे साल 2028 तक ₹3000 प्रति माह तक पहुंचे।
​सिवनी से होगी 30वीं किस्त ट्रांसफर
​मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 12 नवंबर, 2025 को सिवनी जिले में आयोजित एक राज्यस्तरीय मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना हितलाभ वितरण कार्यक्रम में बटन दबाकर 30वीं किस्त की राशि 1.26 करोड़ लाड़ली बहनों के बैंक खातों में अंतरित करेंगे।
​यह किस्त इसलिए भी खास है क्योंकि यह पहली बार होगा जब योजना के तहत महिलाओं को ₹1500 की राशि प्राप्त होगी। यह कदम राज्य सरकार द्वारा महिलाओं के सशक्तिकरण और उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है। योजना के शुरू होने से अब तक लाभार्थी महिलाओं के खातों में 44,917.92 करोड़ रुपये से अधिक की राशि का सीधा अंतरण (DBT) किया जा चुका है।
​योजना का लक्ष्य और भविष्य
​लाड़ली बहना योजना मध्य प्रदेश सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसकी शुरुआत मार्च 2025 में हुई थी। इसका मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाना और उनके परिवार में उनकी भूमिका को मजबूत करना है। राशि को चरणबद्ध तरीके से ₹3000 तक बढ़ाने का वादा सरकार की महिलाओं के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
​इस वृद्धि से प्रदेश की लाखों महिलाओं को बड़ी राहत मिलेगी और वे अपनी छोटी-मोटी जरूरतों को पूरा करने के लिए आत्मनिर्भर बन सकेंगी। मुख्यमंत्री का कहना है कि बहनों की मुस्कान ही सरकार की जमा पूंजी है और उनके खजाने में लाड़ली बहनों के लिए कोई कमी नहीं है।